
देख रहा हूं, लिंक्स लपेट रहा हूं: जिया झ्यांगके की चीनी दुनिया, कॉमिक आर्टिस्ट से सिनेमा में हाथ आजमा रहे एनकी बिलाल की फ्रेंच बंकर पैलेस हॉटेल, और कॉंन्सतांतिन लॉपुशांस्क्ी की रूसी द अग्ली स्वान्स..
बहुत सारे अंधेरों के बीच इस संकरे से प्रोजेक्शन रुम के छोटे-बडे उजाले... a little lensing and some angling on the good, bad and ugly of cinema, past and present ...

1 comments:
आपने लिंक्स लपेटे नहीं हैं फेंके हैं और मैंने लिंक्स लपेट कर सभी लिंक्स चेक कर लिये.. अच्छे लिंक्स हैं.. थैंक्स.. :)
Post a Comment